हल्द्वानी में अघोषित बिजली कटौती से लोग परेशान, कॉल तक रिसीव नहीं करते अधिकारी

हल्द्वानी में अघोषित बिजली कटौती से लोग परेशान, कॉल तक रिसीव नहीं करते अधिकारी

शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की समस्या आम हो चुकी है। दिन में चार से पांच घंटे तक बिजली अघोषित कटौती ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। बिजली नहीं होने पर कई छोटे व बड़े कारोबार भी प्रभावित हो रहे हैं। लोगों को गुस्सा तब आता है जब अफसरों के कॉल रिसीव तक नहीं होते।

हल्द्वानी के शहर और ग्रामीण इलाकों में पिछले दो माह से बिजली की कटौती की जा रही है। बिजली नहीं होने पर घरों में काम तो प्रभावित हो ही रहे हैं, वहीं पानी के लिए भी लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। पानी की मोटर और नलकूप शोपिस बन रहे हैं। लोगों का कहना है कि गर्मी आने से पहले ऊर्जा निगम के अधिकारी लौपिंग चौपिंग के नाम पर घंटों रोस्टिंग करते हैं। इसके बावजूद गर्मी आने पर फिर अघोषित कटौती की जाती है। अधिकारियों को बिजली नहीं आने पर कॉल किया जाता है तो वह रिसीव नहीं किया जाता।

लोगों का कहना है कि चुनाव आने से पहले कांग्रेस, भाजपा व आम आदमी पार्टी प्रदेश को 300 यूनिट मुफ्ट बिजली देनी की बात कर रहे हैं। लेकिन अभी हो रही बिजली कटौती को लेकर कोई पार्टी सुध नहीं ले रही है। इधर, ऊर्जा निगम के अधिशासी अभियंता दीनदयाल पांगती का कहना है कि लाइन में फॉल्ट होने पर बिजली चली जाती है। बिजली को 24 घंटे सुचारू रखने के प्रयास किए जा रहे हैं।


जहानाबाद में दिल्ली से आए दो भाइयों की डूबने से मौत, पैर फिसलने की वजह से हुआ हादसा

जहानाबाद में दिल्ली से आए दो भाइयों की डूबने से मौत, पैर फिसलने की वजह से हुआ हादसा

बिहार के जहानाबाद में सोमवार को एक हादसे में दो भाइयों की मौत हो गई। जहानाबाद के मखदुमपुर प्रखंड के सोलहडा पंचायत स्थित नहर में डूबने की वजह से दिल्ली से आए दो चचेरे भाई की मौत हो गई। मौत की खबर आग की तरह पूरे गांव में फैल गई। जानकारी के मुताबिक दोनों चचेरे भाई दादा के श्राद्ध काम में भाग लेने के लिए दिल्ली से गांव आए हुए थे। 


पैर फिसलने की वजह से हुआ हादसा

जानकारी के मुताबिक मरने वालों में राजेश राम का पुत्र सुनील कुमार 14 वर्ष एवं विमलेश प्रसाद का पुत्र दीपक कुमार 15 वर्ष बताया जाता है। दोनों रविवार की देर शाम नहर की ओर घुमने गए थे। पैर फिसल जाने के कारण दोनों गहरे में पानी चले गए और जिसकी वजह डूबने से दोनों की मौत हो गई। देर रात तक घर नहीं लौटने के बाद स्वजनों ने गांव में काफी खोजबीन की। लेकिन दोनों चचेरे भाइयों को कुछ पता नहीं चल सका। सोमवार की सुबह ग्रामीणों ने नहर में दोनों भाइयों के शव को पानी में उपलता देखा। जैसे-तैसे गांव के लोगों ने दोनों भाइयों के शवों को नहर से बाहर निकाला।  शव मिलते ही गांव में कोहराम मच गया।परिजनों को रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की सूचना पुलिस की दी गई। जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम को लेकर सदर अस्पताल जहानाबाद भेज दिया।

 
घटना के संबंध में बताया जाता हे कि, दोनों के पिता दिल्ली में प्राइवेट नौकरी करते हैं। पिता अपने बेटे के साथ पिता के श्राद्धकर्म में शामिल होने दिल्ली से गांव आए थे। सभी लोग श्राद्धकर्म में आए परिजनों के साथ व्यस्त थे। इस घटना से ग्रामीण हतप्रद है। ग्रामीणों ने बताया दोनों किशोर हंसमुख थे। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव को परिजनों को सौंप दिया। इस घटना के बाद स्वजनों का रो रोकर बुरा हाला है।