आपके साथ भी होती है इस तरह की बातें तो समझ जाइए आपके ऊपर है दैवीय आशीर्वाद !

आपके साथ भी होती है इस तरह की बातें तो समझ जाइए आपके ऊपर है दैवीय आशीर्वाद !

जब भी किसी व्यक्ति पर ऊपरवाले की कृपादृष्टि पड़ जाती है तो उसकी जिंदगी ही पूरी तरह से बदल जाती है। जिनपर भगवान की कृपा रहती है वो वाकई में बहुत ही ज्यादा खुशकिस्मत होते है।  उन लोगों में कुछ अलग ही विशेष बात होती है जिसके बारे में कई बार खुद उन्हे भी नहीं पता रहता है।

क्या आपके साथ भी होता है ऐसा:

# सपने कई बार सच भी हो जाते है या फिर जब ऐसा सपना देखने पर अचानक ही आपकी आँखें खुल जाती है और आप काफी ज्यादा पसीने पसीने हुए रहते है तो ऐसा होना विशेष दैवीय कृपा के कारण माना जाता है।

# कभी कभी ऐसा भी देखा जाता है की आपको पता है कि हालात आपके विपरीत हैं, मगर बावजूद इसके आपके मन में ऐसा महसूस होता है की नहीं यहा कुछ अच्छा होने वाला है, ऐसे में आपकी इस तरह की नकारात्मक सोच पर आपकी सकारात्मकता हावी होती है ऐसा महसूस होना एक तरह से आप पर दैवीय कृपा का इशारा होता है।


महाराष्ट्र से राहत की खबर, ओमिक्रॉन से संक्रमित प्रदेश के पहले मरीज को अस्पताल से मिली छुट्टी

महाराष्ट्र से राहत की खबर, ओमिक्रॉन से संक्रमित प्रदेश के पहले मरीज को अस्पताल से मिली छुट्टी

महाराष्ट्र के ठाणे जिले में रहने वाले कोरोना वायरस के ओमिक्रॉन स्वरूप से संक्रमित प्रदेश के पहले मरीज को बुधवार को नकारात्मक जांच रिपोर्ट आने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। पेशे से मरीन इंजीनियर और कल्याण डोंबिवली नगरपालिका क्षेत्र के रहने वाला यह 33 वर्षीय मरीज नवंबर के अंतिम सप्ताह में दुबई के रास्ते दक्षिण अफ्रीका से दिल्ली हवाई अड्डे पर पहुंचा था।

वह 24 नवंबर को दक्षिण अफ्रीका से उड़ान में सवार हुआ था। नई दिल्ली हवाई अड्डे पर पहुंचने पर उसका आरटी-पीसीआर परीक्षण किया गया था। जब वह मुंबई पहुंचा, तब दिल्ली हवाईअड्डे के अधिकारियों की ओर से सूचित किया गया था कि उसकी कोविड-19 की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। महाराष्ट्र के स्वास्थ्य अधिकारियों ने तब जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए उसके स्वाब के नमूने भेजे थे और परीक्षण रिपोर्ट में उसके ओमिक्रॉन संक्रमित होने की पुष्टि हुई थी।

उक्त शख्स ने इस साल अप्रैल में एक निजी कंपनी के जहाज पर अपनी ड्यूटी ज्वाइन की थी, तभी से वह समुद्री सफर पर था। अधिकारियों ने कहा कि उसने ड्यूटी के दौरान कोविड-19 का टीका नहीं लगवाया था। हालांकि उसने टीका लगवाने के प्रयास किए थे, जो सफल नहीं हुए। कल्याण डोंबिवली नगर निगम (केडीएमसी) के आयुक्त डॉ. विजय सूर्यवंशी ने संवाददाताओं को बताया कि मरीज को कल्याण शहर के एक कोविड केयर सेंटर में भर्ती कराया गया था, जहां से बुधवार शाम छह बजे उसे छुट्टी दे दी गई।

उन्होंने बताया कि मरीज को इसलिए छुट्टी दे दी गई क्योंकि उसकी जांच रिपोर्ट निगेटिव आई थी। मानक प्रोटोकॉल के अनुसार, उसके दो आरटी-पीसीआर परीक्षण किए गए और दोनों नकारात्मक निकले। वह अभी पूरी तरह से ठीक है और कोई लक्षण नहीं हैं। उन्होंने कहा, इसके बावजूद भी उक्त शख्स को अभी सात दिन के होम आइसोलेशन में रहने की सलाह दी गई है।

डॉ. सूर्यवंशी ने कहा कि संयोग से आज उक्त मरीज का जन्मदिन था। राज्य में ओमिक्रॉन स्वरूप के  अब तक 10 मामले दर्ज हुए हैं। केंद्र सरकार के अनुसार, ओमिक्रॉन को लेकर जोखिम वाले देशों में यूके, दक्षिण अफ्रीका, ब्राजील, बोत्सवाना, चीन, मॉरीशस, न्यूजीलैंड, जिम्बाब्वे, सिंगापुर, हांगकांग और इस्राइल सहित यूरोपीय देश शामिल हैं।