सीबीएसई के ऑफिसरों ने 2021 में बोर्ड के औनलाइन संचालन से किया इंकार, जाने अब कैसे होंगी परीक्षाएं 

सीबीएसई के ऑफिसरों ने 2021 में बोर्ड के औनलाइन संचालन से किया इंकार, जाने अब कैसे होंगी परीक्षाएं 

केंद्रीय माध्यमिक एजुकेशन बोर्ड (सीबीएसई) के ऑफिसरों ने बोला कि 2021 में बोर्ड परीक्षाएं औनलाइन माध्यम से ना होकर लिखित परीक्षाएं होंगी और इम्तिहान के संचालन के लिए दिनांक ों पर विचार-विमर्श अभी चल रहा है

 बोर्ड के ऑफिसरों ने यह भी बोला कि यदि इम्तिहान से पहले कक्षाओं में प्रयोगात्मक कार्यों के लिए विद्यार्थी मौजूद नहीं हो पाए तो विकल्प तलाशे जाएंगे 

लिखित ही होंगी सीबीएसई की परीक्षाएं
सीबीएसई के एक वरिष्ठ ऑफिसर ने बोला कि बोर्ड इम्तिहान के आयोजन की दिनांक ों के विषय में कोई आखिरी फैसला नहीं लिया गया है और संबंधित पक्षों के साथ विचार-विमर्श चल रहा है परीक्षाएं जब भी होंगी लिखित रुप से होंगी परीक्षा सभी कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए आयोजित की जाएगी केंद्रीय एजुकेशन मंत्री रमेश पोखरियाल 'निशंक' अगले वर्ष होने वाली बोर्ड परीक्षाओं और प्रतियोगी परीक्षाओं के मामले पर 10 दिसंबर को छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों के साथ वार्ता करने वाले हैं


गंगा स्वच्छता का ये हाल! आचमन तो छोड़िए नहाने लायक भी नहीं है गंगाजल

गंगा स्वच्छता का ये हाल! आचमन तो छोड़िए नहाने लायक भी नहीं है गंगाजल

वाराणसी: गंगा स्वच्छता न सिर्फ बीजेपी सरकार बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है। केंद्र की मौजूदा सरकार गंगा सफाई को लेकर किस कदर गंभीर है, इसका पता इस बात से चलता है कि सरकार ने गंगा के लिए एक अलग विभाग ही बना दिया। साल 2014 से लेकर अब तक नमामि गंगे प्रोजेक्ट के ऊपर करोड़ों रुपए खर्च किए जा चुके हैं। लेकिन सवाल ये उठता है कि पतित पावनी का पानी कितना निर्मल हुआ ? क्या गंगा का पानी स्वच्छता के मानक के करीब पहुंच चुका है ? इन सवालों का जवाब है नहीं !

आरटीआई से हुआ बड़ा खुलासा
बनारस के रहने वाले समाजसेवी और क्रांति फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल कुमार सिंह ने गंगा सफाई को लेकर एक आरटीआई दाखिल किया था। आरटीआई से मिली जानकारी हैरान करने वाली है। जानकारी के अनुसार 90 में से 73 जगहों पर गंगा का पानी तय मानकों से कहीं ज्यादा प्रदूषित है। गंगा सफाई पर नेशनल मिशन फार क्लीन गंगा के अंतर्गत 2014 से अभी तक 9259.92 करोड़ रुपये खर्च कर दिये गये हैं, लेकिन गंगा की स्थिति मे कोई सुधार नहीं आया है।

इसमें उत्तर प्रदेश मे सबसे ज्यादा 2628.73 करोड़ रुपये, बिहार मे 2490.98 करोड़ रुपये तथा पश्चिम बंगाल मे 926.40 करोड़ रुपये गंगा सफाई पर खर्च कर दिये गये। राहुल कुमार सिंह के अनुसार गंगा सफाई पर इतने रूपये खर्च करने के बावजूद गंगा के रास्ते मे स्थापित 90 मानिटरिंग केंद्रों मे 73 स्थानों पर गंगा का पानी तय मानकों से कहीं ज्यादा प्रदूषित है।

आचमन तो छोड़िए नहाने लायक भी नहीं है गंगाजल
गंगा के पानी के प्रदूषण की जांच हेतु लाईव मानिटरिंग करने के लिए बनायी गयी वेबसाईट पर कोई भी व्यक्ति 125.19.52.219/wqi लिंक पर जाकर देख सकता है कि गंगा के पानी मे विभिन्न मानिटरिंग केंद्रों पर गंगा के पानी मे प्रदूषण की स्थिति कैसी है। राहुल कुमार सिंह के अनुसार लाईव मानिटरिंग वेबसाईट के अनुसार गंगोत्री से निकलने के पश्चात हरिद्वार के बाद गंगा मे प्रदूषण की स्थिति बेहद गंभीर होती चली गयी है।

अगर कालीफार्म की स्थिति की बात की जाये तो भारत सरकार के तय मानकों के अनुसार पीने के पानी मे कालीफार्म की संख्या 50 एमपीएन प्रति 100 मिली से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। इसके अलावा नहाने के लिए अधिकतम कालीफार्म 500 एमपीएन प्रति 100 मिली निर्धारित है। पीने के पानी मे अधिकतम कालीफार्म 5000 एमपीएन प्रति 100 मिली हो तो शुद्धिकरण करने के पश्चात पानी को पीया जा सकता है।

 घुली हुई आक्सीजन की मात्रा मानकों के अनुरूप नहीं
अब अगर गंगा के पानी पर नजर डाली जाये तो उत्तर प्रदेश के कानपुर के शुक्लागंज मे कालीफार्म 26000, मिर्जापुर मे 23000, वाराणसी मे 17000, गोलाघाट गाजीपुर मे 22000, सारण मे 92000, पटना मे 92000, भागलपुर मे 160000 तथा पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद मे 23000 तथा हावड़ा मे बढ़कर 170000 एमपीएन प्रति 100 मिली हो गयी है जो कि तय मानकों से कहीं ज्यादा है। इनमे से ज्यादातर केंद्रों पर घुली हुई आक्सीजन की मात्रा तथा बी ओ डी(बायोकेमिकल आक्सीजन डिमांड) की मात्रा भी तय मानकों के अनुरूप नहीं है।


तेज दिमाग पाने के लिए रोजाना इस तेल का करें इस्तेमाल       सर्दी में एलर्जी से परेशान हैं तो जानिए बचाव के उपाय       आंखो और त्वचा के लिए किसी दवा से कम नहीं है Witch Hazel, ऐसे करें इस्तेमाल       टेस्ट और हेल्थ दोनों के लिए स्नैक्स में बनाएं 'कैरट फ्रिटर्स'       राजस्थान की बेहद पॉपुलर ट्रेडिशनल डिश 'जैसलमेरी चना' है स्वाद का खजाना       खट्टा-मीठा स्वाद लिए हुए 'अंगूर का अचार' है बहुत ही टेस्टी और आसान       भुर्जी, स्क्रैम्बल एग से अलग आज सीखें 'मग ऑमलेट' बनाने की क्विक एंड ईजी रेसिपी       प्रोटीन रिच डाइट का बेहतरीन ऑप्शन है 'कॉलीफ्लॉवर चीज़'       डॉगी ने अपने दिव्यांग मालिक को कराई ऐसी सैर, देख आप कह उठेंगे OMG...       आपके अकाउंट में नहीं आई है सातवीं किस्त, तो यहां करें शिकायत; जानें क्या है प्रोसेस       अपने फोन से 10 मिनट में अपडेट करें अपना आधार कार्ड, जानिए ये आसान प्रॉसेस       PNB ग्राहक ध्यान दें, 1 फरवरी से इन ATM से नहीं निकाल पाएंगे पैसा       CLSS के तहत सब्सिडी, समयसीमा बढ़ाए जाने की मांग; अलग से टैक्स छूट भी चाहते हैं इंडस्ट्री के एक्सपर्ट       हेलमेट इंडस्ट्री की GST में कमी की मांग, EV इंडस्ट्री को चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर में निवेश की उम्मीद       रिजर्व बैंक ने कहा कि भारत की जीडीपी की वृद्धि दर सकारात्मक होने के बिल्कुल करीब       सोने के दाम में भारी तेजी, चांदी भी हुई काफी महंगी, जानें क्या हो गए हैं रेट       सोमवार से कर सकते हैं सब्सक्राइब, जानें कंपनी ने क्या तय की है एक शेयर की कीमत       उमंग कुमार 109 वर्षीय फौजा सिंह के जीवन पर बनाएंगे फिल्म, की घोषणा       andav Controversy के बीच सांसद ने जानें क्यों की 'मिर्जापुर' के निर्माताओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग       ये एक्टर बचपन में दिखते थे इतने क्यूट, एक्टर के जन्मदिन पर वायरल हुई माँ के साथ ये खास तस्वीर