रूस के एक गांव में इस समय ध्रुवीय भालुओं का आतंक फैला

रूस के एक गांव में इस समय ध्रुवीय भालुओं का आतंक फैला

हाल ही में रूस के एक गांव में इस समय ध्रुवीय भालुओं का आतंक फैला है। जंहा जलवायु बदलाव के कारण आर्कटिक में बड़े स्तर पर बर्फ पिघल रही है। ऐसे में भिन्न-भिन्न आयु के शावकों के साथ करीब 56 ध्रुवीय भालू बर्फीले क्षेत्र से गांव में घुस आए हैं। इन भूखे शिकारी भालुओं की वजह से गांव के करीब 700 लोग घरों से बाहर निकलने में भय रहे हैं। इसकी वजह से सभी स्कूलों को भी बंद कर दिया गया है।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार यह दूसरी बार है कि इस गांव के लोगों ने अपने दरवाजे पर ध्रुवीय भालुओं का सामना किया है। रूस के टेलीविजन चैनलों में वैसे इन भालुओं का आतंक चर्चा का मामला बना है। हाल ही में सोशल मीडिया में कुछ वीडियो क्लिप वायरल हुई हैं, जिनमें लोगों को इस खूंखार जानवर का सामना करते देखा गया। अधिकारियों ने 600 किलो वजनी व 40 किमी/घंटा की गति से दौड़ सकने वाले इन भालुओं से लोगों को बचने की सलाह दी है। रूस में इन्हें गोली मारना अवैध है।

विषेशज्ञों कि माने तो गर्मियों में जब बर्फ पिघलने लगती है तो ध्रुवीय भालू आबादी वाले इलाकों का रुख करते हैं। जंहा उन्‍होंने चेताया है कि वर्ष 1990 के बाद से बर्फ पिघलने के मौसम की अवधि में औसतन 36 दिनों तक बढ़ गई है। अमेरिकी भू-वैज्ञानिक सर्वेक्षण के ध्रुवीय भालू अनुसंधान प्रोग्राम का नेतृत्व कर रहे वन्यजीव जीव विज्ञानी टॉड एटवुड की मानें तो पिछले दशक के मुकाबले अब ध्रुवीय भालू आबादी वाले इलाकों में ज्यादा दिखने लगे हैं।