कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा से पहले एटीएस ने बड़ी कार्यवाही करते हुए

कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा से पहले एटीएस ने बड़ी कार्यवाही करते हुए

कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा से पहले एटीएस ने बड़ी कार्यवाही करते हुए 8 लाख रुपए में परीक्षा पास करवाने का दावा करने वाले दो लोगों को अरैस्ट किया है एटीएस ने कार्यवाही करते हुए जयपुर के रामनगरिया थाना क्षेत्र के चतरपुरा से दो लोगो को अरैस्ट किया है

एटीएस ने जयपुर से किया गिरफ्तार
राजस्थान में लगातार पेपर लीक के मुद्दे सामने आते रहे हैं अब शुक्रवार से आयोजिय कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी रोकने के लिए पहले से चौकन्ना एटीएस टीम ने कार्रवाई की  एटीएस ने शुक्रवार को नकल करवाने वाले रैकेट का पर्दाफाश किया एटीएस ने जयपुर के रामनगरिया क्षेत्र स्थित चतरपुरा निवासी मेघराज मीणा और खोटखावदा के गोड का बास निवासी बोदीराम मीणा को अरैस्ट किया है

साथियों इस संबंध में पूछताछ कर रही है 
पकड़े गए आरोपी अनुचित उपायों से अभ्यर्थियों को परीक्षा में पास कराने का दावा करते हुए संपर्क कर रहे थे परीक्षा में बैठने वाले अभ्यर्थियों से 8 लाख रुपए में सौदा तय कर रहे थे, जिसमें परीक्षा से पहले 4 लाख रुपए, मूल दस्तावेज, बैंक का चेक लेकर डमी अभ्यर्थी बैठाने या फिर पेपर मौजूद करवाने की षड्यंत्र रच रहे थे आरोपियों से अन्य साथियों के संबंध में पूछताछ की जा रही है

एटीएस मुद्दे में और शिकंजा कस सकती है
एटीएस इस मुद्दे में की तह तक जाने के कोशिश में जुटी है जिसमें ये पता लगाया जा रहा है कि आखिरकार इन लोगों के तार कहां तक जुड़े हैं, किस तरह से इनका नकल करवाने या फर्जी अभ्यर्थी बैठाने थे, किस सेंटर के साथ मिलीभगत थी एटीएस अभी इस मुद्दे में और भी शिकंजा कस सकती है

एसओजी ने कांस्टेबल भर्ती परीक्षा में नकल रोकने के लिए कन्ट्रोल रूम बनाया है कोई भी अभ्यर्थी और अन्य लोग नकल करवाने वालों की सूचना कन्ट्रोल रूम के इन नंबर 0141- 2609938 और वाट्सएप नंबर 9530429674 पर दे सकता हैं


यूपी बजट 2022 में मिर्जापुर को कोई खास तोहफा तो नहीं मिला

यूपी बजट 2022 में मिर्जापुर को कोई खास तोहफा तो नहीं मिला

यूपी बजट 2022 में मिर्जापुर को कोई खास तोहफा तो नहीं मिला. लेकिन, यहां के 3.65 लाख किसानों को गर्मी के समय में लगातार 11 घंटे बिजली मिल सकेगी. वहीं गांवों में कल्याण सिंह के नाम पर प्रारम्भ की गई योजना के अनुसार सड़कों पर सोलर लाइट लगाई जाएगी. यहां के 2.37 लाख परिवारों को उज्जवला योजना के अनुसार सिलेंडर भी मिल सकेंगे.

योगी गवर्नमेंट के इस बजट को लेकर लोगों की मिली जुली प्रतिक्रिया सामने आई. मिर्जापुर के बर्तन कारोबार को राहत पैकेज नहीं मिलने से उद्योग से जुड़े लोगों में निराशा दिखी.

पीतल बर्तन उद्योग को चाहिए था आर्थिक पैकेज

पिछले बजट में वन डिस्ट्रिक वन प्रोजेक्ट की योजना का असर मिर्जापुर के पीतल बर्तन उद्योग पर अभी तक दिखाई नहीं पड़ा है. जबकि एक बार फिर इस योजना की चर्चा की गई. पीतल बर्तन के उजड़ते व्यापार से अभी भी लगभग 35 हजार कामगार के परिवार जुड़े हैं . समय रहते यदि उद्योग को राहत नहीं दिया गया तो पीतल बर्तन उद्योग महज कागजों पर सिमट कर रह जाएगा . पीतल बर्तन व्यापारी महेश वर्मा ने इसके लिए गवर्नमेंट की नीतियों को उत्तरदायी ठहराया . बोला कि सिर्फ घोषणा और गैर व्यापारियों के सुझाव से व्यापार का उत्थान और गवर्नमेंट की मंशा पूरी नहीं होगी. व्यापारी राजेंद्र अग्रवाल ने बोला कि टैक्स के बोझ को कम करने की आवश्यकता है.

विंध्य धाम तीर्थ विकास परिषद की चर्चा के साथ ही उसके उत्थान पर जोर दिया गया है. जबकि, विंध्याचल धाम में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा पर वर्तमान में कोई व्यवस्था नहीं है. एक तरफ गैर कानूनी वाहन स्टैंड मालिकों के विरूद्ध कार्रवाई की जा रही है. क्षेत्रीय निवासी तरुण पांडेय ने धाम में सरकारी स्तर पर स्टैंड की सुविधा मौजूद कराने पर जोर दिया. बोला कि जमीन पर कार्य किए जाने से ही लोगों को राहत मिलेगा.

कैमूर के जंगलों को चाहिए रखरखाव

जिले में पर्यटन की अपार आसार होने के बावजूद उस पर कोई फोकस इस बजट में नहीं दिया गया . बजट में चिड़ियाघर की बात हुई . कैमूर वन्यजीव प्रभाग क्षेत्र में वन्यजीवों को पेयजल के लिए भी गांव में आना पड़ता है . यहां रख रखाव की आवश्यकता है. जिले में दर्जनों झरने होने के बाद भी उनका विकास करते हुए पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कोई योजना बजट में न होना . जिले के लोगों के लिए निराशाजनक रहा . राजू मालवीय, आलोक कुमार, गौरीश मालवीय, शीतला प्रसाद आदि ने चिन्ता जताते हुए इसे जन प्रतिनिधियों की उदासीनता का रिज़ल्ट बताया .