यूपी विधानसभा चुनाव 2022 के लिए मिशन मोड में सरकार, चुनौतियों से निपटने में मंत्री होंगे 'फ्रंटलाइन वर्कर'

यूपी विधानसभा चुनाव 2022 के लिए मिशन मोड में सरकार, चुनौतियों से निपटने में मंत्री होंगे 'फ्रंटलाइन वर्कर'

कोरोना संक्रमण की पहली और दूसरी लहर से तो उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने जैसे-तैसे पार पा लिया, लेकिन अब आगे बड़ी चुनौती 2022 में होने जा रहे विधानसभा चुनाव की है। सरकार और संगठन ने इस संकटकाल में बेशक अपने सेवा कार्य जारी रखे, लेकिन विपरीत हालात से उपजे संसाधनों के संकट और अपनों को खोने की आमजन में संभावित टीस को सरकार और न ही भाजपा संगठन नजरअंदाज करना चाहता है। लिहाजा, अब पीड़ितों के दिल पर हाथ रखने और उन तक सरकार के सेवाभाव का संदेश पहुंचाने के लिए सभी मंत्रियों को 'फ्रंटलाइन वर्कर' बनाकर उतारा जा रहा है।

दिल्ली में पिछले दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से लंबा विमर्श कर लौटे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को लोकभवन में सरकार के सभी मंत्रियों के साथ बैठक की। चूंकि, बैठक में प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह भी थे, इसलिए स्पष्ट है कि यह बैठक सिर्फ सरकार नहीं, बल्कि संगठन के एजेंडे को लेकर भी थी।


यूपी सरकार के प्रवक्ता व एमएसएमई मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने बताया कि बैठक में सभी मंत्रियों को जिम्मेदारी दी गई है कि वह जून और जुलाई में अपने प्रभार वाले जिले में लगातार प्रवास करेंगे। एक दिन में अधिकतम दो ब्लॉक में प्रवास करना होगा। वहां मंत्री सरकारी राशन की दुकान, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र व गो आश्रय स्थल आदि का निरीक्षण करेंगे और समीक्षा कर वहां की व्यवस्थाओं को बेहतर कराएंगे।


इसके साथ ही पार्टी के मंडल अध्यक्ष और महामंत्रियों के साथ छोटी-छोटी बैठकें कर संगठन संबंधी कार्यों पर बात करेंगे। पार्टी के संपर्क और संवाद अभियान के तहत मंत्रियों को कार्यकर्ताओं से मुलाकात करनी होगी। प्रवक्ता ने बताया कि 21 जून को योग दिवस तथा 23 जून से छह जुलाई तक वृहद पौधारोपण को सफल बनाना है। इसके साथ ही 27 जून को प्रधानमंत्री के मन की बात कार्यक्रम का आयोजन हर बूथ पर कराना है। किसी एक बूथ पर कार्यकर्ताओं के साथ प्रभारी मंत्री भी मौजूद रहेंगे।


सूत्रों ने बताया कि मंत्रियों को सरकार द्वारा कोविड प्रबंधन के तहत किए गए कार्यों की सूची दी गई है। उनसे कहा गया है कि कोरोना संक्रमण से जान गंवाने वाले कार्यकर्ताओं के घर जाना है। क्षेत्र में रहने वाले पीड़ित परिवारों से मिलना है। संभव है कि उनकी कुछ शिकायतें हों तो तसल्ली से उन्हें सुनकर फिर सरकार के काम गिनाएं। उन्हें बताएं कि सरकार और संगठन ने किस तरह संकट काल में जनहित के कदम उठाए। सेवा कार्य लगातार किए गए। इसी के साथ चुनाव के मद्देनजर सरकार और संगठन के समन्वय का भी संदेश जनता के बीच पहुंचाना है।


बैठक में मंत्रियों से कहा गया है कि संगठन से वार्ता कर अधिक से अधिक पार्टी समर्थित जिला पंचायत अध्यक्षों को भी जिताना है। जनता को टीकाकरण के प्रति जागरूक करने के लिए संगठन को लगाने और अपनी-अपनी सोशल मीडिया टीम बनाकर उसे सक्रिय करने को भी कहा गया है।


सीएम योगी गोरखपुर पहुंचे, आरएसएस के गुरु पूजन कार्यक्रम में लेंगे ह‍िस्‍सा

सीएम योगी गोरखपुर पहुंचे, आरएसएस के गुरु पूजन कार्यक्रम में लेंगे ह‍िस्‍सा

विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लेने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार की सुबह 10:30 बजे गोरखपुर पहुंचे। सर्किट हाउस में हेलीकाप्टर से उतरने के बाद सबसे पहले वह एनेक्सी भवन गए और वहां गोरखपुर-बस्ती मंडल में चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने बारी-बारी से सभी जिलों के वि‍कास कार्यों के जानकारी ली और फ‍िर उसे तेज करने के जरूरी निर्देश दिए। इसी क्रम में वह एक निजी संस्थान के व्यक्तिगत कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए महायोगी बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह पहुंचे हुए हैं। एक घंटे के इस कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री योगी गोरखनाथ मंिदर जाएंगे। शाम को उन्हें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के गुरु पूजन कार्यक्रम में हि‍स्सा लेना है। गोरखपुर क्लब में एक घंटे का यह कार्यक्रम शाम छह बजे से आयोजित है। देर शाम मुख्यमंत्री के अयोध्या रवाना हो जाने की संभावना है। हालांक‍ि इसे लेकर अभी कोई आधिकारिक कार्यक्रम जारी नहीं हुआ है। यदि किसी वजह से वह शाम को रवाना नहीं हो सके तो गुरुवार की सुबह नौ बजे तक मुख्यमंत्री का गोरखपुर से प्रस्थान हो जाएगा।


वनटांगियों के बीच जाएंगे सीएम

प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पांच अगस्त को वनटांगिया समुदाय के बीच अन्न महोत्सव मना सकते हैं। चरगांवा के वनटांगिया गांव तिनकोनिया नंबर तीन में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो लाभार्थी नरङ्क्षसह एवं दीपमाला से आनलाइन संवाद भी कर सकते हैं। इसका सीधा प्रसारण किया जाएगा। मुख्यमंत्री कुछ लाभार्थियों को स्वयं अनाज एवं झोला वितरित करेंगे। मुख्यमंत्री के आगमन और वनटांगिया गांव में होने वाले कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर डीएम ने सोमवार की शाम समीक्षा बैठक भी की। हालांकि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम का प्रोटोकाल अभी जारी नहीं हुआ है।


करीब 100 साल तक जंगल में उपेक्षित जीवन जीने वाले वनग्रामों के निवासियों को समाज व विकास की मुख्यधारा में लाने वाले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन की खबर गांव पहुंची तो वनटागियों में खुशी की लहर दौड़ पड़ी। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर रविवार की शाम जिलाधिकारी भी गांव पहुंचे। यहां हेलीपैड के निर्माण और करीब 500 लोगों के बैठने की व्यवस्था का उन्होंने जायजा लिया।