पीएनजी महाविद्यालय रामनगर को लघु फिल्म के लिए राज्य में पहला स्थान

पीएनजी महाविद्यालय रामनगर को लघु फिल्म के लिए राज्य में पहला स्थान

पीएनजी महाविद्यालय रामनगर को लघु फिल्म के लिए राज्य में पहला स्थान मिला है। एड्स की रोकथाम के लिए फिल्म के जरिए जागरूक करने का संदेश दिया गया है। पहला स्थान मिलने पर महाविद्यालय प्रशासन उत्साहित है। प्रतियागिता का आयोजन राष्ट्रीय सेवा योजना युवा कल्याण एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार के तत्वावधान में उत्तराखंड राज्य एड्स नियंत्रण समिति द्वारा राज्य स्तरीय लघु फिल्म प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था।

प्रतियोगिता में उत्तराखंड राज्य के विभिन्न महाविद्यालयों ने प्रतिभाग किया था। जिसमें पीएनजी राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय रामनगर की टीम ने भी एड्स की रोकथाम के लिए जागरूकता वाली लघु फ़िल्म बनाकर प्रतियोगिता में भाग लिया था। प्रतियोगिता में रामनगर महाविद्यालय की टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है। वरिष्ठ कार्यक्रम अधिकारी डा.जगमोहन सिंह नेगी ने बताया कि प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने लघु फिल्म की वीडियो बनाकर प्रतिभाग किया था। महाविद्यालय टीम की ओर से विद्यार्थियों में बीएससी द्वितीय वर्ष के छात्र सौरभ बिष्ट व खुशी रावत, बीए द्वितीय वर् की छात्रा हिमानी व बीए प्रथम वर्ष की छात्रा मीनू ने प्रतिभाग किया है।


प्राचार्य प्रो.एमसी पांडे ने समस्त विजयी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ साथ विद्यार्थी विभिन्न क्षेत्रों में आगे आए और अपनी प्रतिभा को प्रदर्शित करें। महाविद्यालय के सभी प्राध्यापक छात्र हितों के लिए हमेशा प्रतिबद्ध है। चीफ प्रॉक्टर डॉ.जीसी पन्त ने इसे महाविद्यालय के लिए गौरव का विषय बताया। इस अवसर पर डा.आर डी.सिंह, प्रो.संजीव मेहरोत्रा, डा.लवकुश चौधरी, डा.धर्मेंद्र कुमार डा. धीरेंद्र सिंह, डा.सुमन कुमार, डा. केके पन्त,डा. डीएन जोशी, डा. अभिलाषा कन्नौजिया, डा. कुसुम गुप्ता मौजूद रही।


शहीद अजय रौतेला को सैन्य सम्मान के साथ नम आंखों ने दी अंतिम विदाई

शहीद अजय रौतेला को सैन्य सम्मान के साथ नम आंखों ने दी अंतिम विदाई

जम्मू के पुंछ में आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ में शहीद हुए गढ़वाल राइफल्स और वर्तमान में 48 राष्ट्रीय राइफल के सूबेदार अजय सिंह रौतेला को सैन्य सम्मान के साथ सैकड़ों नम आंखों ने अंतिम विदाई दी ऋषिकेश के चंद्रेश्वर मोक्ष धाम घाट पर वीर सपूत पंचतत्व में विलीन हुआ। उनके बड़े पुत्र अरुण रौतेला ने उन्हें मुखाग्नि दी।


14 अक्टूबर को जम्मू-कश्मीर के पुंछ में आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ में टिहरी जिले के दो सैनिक शहीद हुए थे। जिसमे खाड़ी टिहरी गढ़वाल निवासी सूबेदार अजय सिंह रौतेला (46 वर्ष) ने भी मातृभूमि के लिए महान शहादत दी।

रविवार को शहीद अजय सिंह रौतेला का पार्थिव शरीर जौलीग्रांट पहुंच गया था। जहां से सोमवार की सुबह शहीद अजय सिंह रौतेला के पार्थिव शरीर को उनके मूलगांव ले जाया गया। अंतिम दर्शन के पश्चात शहीद की अंतिम यात्रा दोपहर 12 बजे ऋषिकेश के चंद्रेश्वर मुक्तिधाम पहुंची।


मुक्तिधाम में सेना की 306 आर्टलरी फील्ड रेजीमेंट की टुकड़ी ने शहीद अजय सिंह रौतेला को शास्त्र सलामी दी। भारतीय सेना की ओर से आर्टिलरी फील्ड रेजीमेंट के कर्नल अजय कौशिक व राष्ट्रीय रायफल के सूबेदार योगेंद्र नेगी ने उन्हें पुष्प चक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। कर्नल अजय कौशिक ने शहीद के पुत्र अरुण रौतेला को राष्ट्रीय ध्वज भेंट किया।

वहीं, प्रदेश सरकार की ओर से विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल कृषि मंत्री सुबोध उनियाल ने अमर शहीद को पुष्प चक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। प्रशासन की ओर से जिलाधिकारी टिहरी ईवा श्रीवास्तव, एडिशनल एसपी राजन कुमार, पुलिस उपाधीक्षक नरेंद्र नगर आरके चमोली पुलिस उपाधीक्षक ऋषिकेश डीसी धौंडियाल, नरेंद्र नगर के पूर्व विधायक ओमगोपाल रावत, सूबेदार प्रेमाराम, ऋषिकेश नगर निगम महापौर अनीता ममगांई, अजय के चाचा जबर सिंह रौतेला, उप जिलाधिकारी देवेंद्र सिंह नेगी, ऋषिकेश की उप जिला अधिकारी अपूर्वा, तहसीलदार अमृता शर्मा आदि ने उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए।

बारिश के कारण बदलना पड़ा स्थान

शहीद अजय सिंह रौतेला के अंतिम संस्कार का कार्यक्रम मुनिकिरेती के होना तय किया गया था। यहां पर सेना की ओर से तैयारियों की की गई थी। मगर, सुबह से लगातार बारिश के कारण अंत में अंतिम संस्कार के लिए ऋषिकेश मुक्तिधाम को चुना गया।

शहीद की शान में गगनभेदी नारों से गूंजा आकाश

शहीद अजय सिंह रौतेला का पार्थिव शरीर जब मुक्तिधाम पहुंचा तो यहां पहले से ही उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए बड़ी संख्या में नागरिक व जनप्रतिनिधि पहुंचे थे। नागरिकों ने शहीद के सम्मान में जब तक सूरज चांद रहेगा अजय रौतेला नाम रहेगा..., अजय रौतेला तुम्हारा बलिदान नहीं भूलेगा हिंदुस्तान..., अजय रौतेला जिंदाबाद..., भारत माता की जय... और पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए। गगनभेदी नारों से पूरा माहौल गूंज उठा।